Saab Fighter Jet Deal: कनाडा में लड़ाकू विमानों के निर्माण को लेकर नई संभावनाएं सामने आई हैं। स्वीडन की रक्षा कंपनी साब (Saab) ने कनाडा की तीन प्रमुख एयरोस्पेस कंपनियों के साथ साझेदारी की है। यदि प्रधानमंत्री मार्क कार्नी की सरकार ग्रिपेन ई लड़ाकू विमान खरीदने का फैसला करती है, तो इन कंपनियों की मदद से कनाडा में ही विमानों का निर्माण और रखरखाव किया जा सकता है। साब ने 27 अक्टूबर को इस साझेदारी की जानकारी दी। प्रस्तावित योजना के तहत कनाडा में विमान की असेंबली से लेकर उसके तकनीकी रखरखाव और कलपुर्जों के निर्माण तक की व्यवस्था विकसित करने की तैयारी है।
एफ-35 विमानों की खरीद पर भी विचार कर रही कनाडाई सरकार
कनाडा ने पहले अमेरिका की कंपनी लॉकहीड मार्टिन से 88 एफ-35 लड़ाकू विमान खरीदने का समझौता किया था। हालांकि, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के साथ बढ़ते राजनीतिक और आर्थिक तनाव के बीच कनाडा इस खरीद की समीक्षा कर रहा है। कनाडा अब तक 16 एफ-35 विमानों के लिए भुगतान कर चुका है। राष्ट्रीय रक्षा विभाग की प्रवक्ता एंड्री-ऐन पौलिन के अनुसार, इनमें से दो विमान 9 अक्टूबर और 22 अक्टूबर को कनाडा को सौंपे गए थे। अब प्रधानमंत्री मार्क कार्नी को यह तय करना है कि शेष विमानों की खरीद आगे बढ़ाई जाए या नहीं। कनाडाई सरकार ग्रिपेन ई को एफ-35 के विकल्प के रूप में या अपनी मौजूदा सैन्य क्षमता को मजबूत करने के लिए अतिरिक्त लड़ाकू विमान के तौर पर खरीदने पर विचार कर रही है।
कनाडा की तीन कंपनियां निभाएंगी अहम भूमिका
साब ने कनाडा में ग्रिपेन ई के निर्माण और समर्थन के लिए तीन प्रमुख कंपनियों के साथ सहयोग की योजना बनाई है। इनमें मॉन्ट्रियल की सीएई (CAE), हैलिफ़ैक्स की आईएमपी (IMP) और मिसिसॉगा की मैगेलन एयरोस्पेस (Magellan Aerospace) शामिल हैं। साब के अध्यक्ष एवं मुख्य कार्यकारी अधिकारी माइकल जोहानसन ने कहा कि इन कंपनियों के साथ मिलकर कनाडा में एक मजबूत औद्योगिक नेटवर्क तैयार किया जा सकता है। इससे देश की रक्षा संबंधी आत्मनिर्भरता बढ़ाने के साथ ही तकनीकी विकास और दीर्घकालिक औद्योगिक लाभ हासिल करने में मदद मिलेगी।ग्लोबलआई विमान सौदे से पहले ही बढ़ा साब का प्रभाव
कनाडा में साब की सक्रियता केवल लड़ाकू विमानों तक सीमित नहीं है। प्रधानमंत्री मार्क कार्नी ने मई 2026 में स्वीडिश कंपनी से छह ग्लोबलआई (GlobalEye) प्रारंभिक चेतावनी एवं नियंत्रण विमान खरीदने की योजना की घोषणा की थी। इस प्रस्तावित सौदे की अनुमानित लागत 5 अरब कनाडाई डॉलर से अधिक बताई गई है। ग्लोबलआई विमान बॉम्बार्डियर 6500 बिजनेस जेट पर आधारित है, जिसका निर्माण कनाडा में होता है। सरकार की योजना इस खरीद के जरिए सैन्य निगरानी क्षमता बढ़ाने के साथ घरेलू रक्षा उद्योग को भी लाभ पहुंचाने की है। कार्नी के मुताबिक, सहयोगी देशों के लिए संभावित ग्लोबलआई ऑर्डर का कम से कम एक-तिहाई हिस्सा कनाडा में निर्मित करने की दिशा में काम किया जाएगा।
क्या कनाडा की रक्षा नीति में आएगा बदलाव?
ग्रिपेन ई को लेकर चल रही चर्चा कनाडा की रक्षा खरीद नीति में संभावित बदलाव की ओर इशारा करती है। एक तरफ देश पहले से एफ-35 विमानों की खरीद के लिए प्रतिबद्ध है, तो दूसरी तरफ साब के साथ सहयोग से स्थानीय विनिर्माण और घरेलू कंपनियों की भागीदारी बढ़ाने का विकल्प सामने आया है। यदि कनाडा ग्रिपेन ई का चयन करता है, तो इसका असर केवल लड़ाकू विमानों की खरीद तक सीमित नहीं रहेगा। इससे कनाडा के एयरोस्पेस उद्योग, तकनीकी प्रशिक्षण, विमान रखरखाव और रक्षा क्षेत्र में रोजगार के अवसरों को भी बढ़ावा मिल सकता है।







