"एंटी करप्शन ब्यूरो" के लिए 12 परिणाम मिले
छत्तीसगढ़
एंटी करप्शन ब्यूरो की बड़ी कार्रवाई: सरपंच देवेन्द्र चंद्राकर रंगे हाथ गिरफ्तार
महासमुंद जिले के ग्राम पंचायत बेमचा के सरपंच देवेन्द्र चंद्राकर को एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने रिश्वतखोरी के आरोप में रंगे हाथ गिरफ्तार किया। शिकायतकर्ता सूरज राम रात्रे ने बताया कि सरपंच ने निर्माण के लिए पहले से जारी एनओसी को निरस्त कर दिया और पुनः जारी करने के बदले 3.80 लाख रुपये की रिश्वत की मांग की। एसीबी ने योजना बनाकर 16 अप्रैल 2026 को आरोपी को 1 लाख रुपये की अगली किस्त लेते हुए गिरफ्तार किया। आरोपी पर भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम, 1988 के तहत मामला दर्ज किया गया है और एसीबी की टीम पूछताछ कर रही है। यह कार्रवाई प्रशासनिक पारदर्शिता और भ्रष्टाचार के खिलाफ सरकार की मजबूत पहल का प्रतीक है।
बिलासपुर
Bribe Taking Case: नगर निगम में ACB का छापा, 10 हजार रिश्वत लेते संपदा शाखा कर्मचारी गिरफ्तार
Bribe Taking Case: नगर निगम की संपदा शाखा में पदस्थ कर्मचारी लक्ष्मीकांत कोका को ACB की टीम ने 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। आरोप है कि उसने मकान नवीनीकरण से जुड़े काम को आगे बढ़ाने के बदले रिश्वत मांगी थी। शिकायत की पुष्टि के बाद ACB ने निगम कार्यालय में ट्रैप कार्रवाई कर कर्मचारी को पकड़ा।
रायपुर
रिमांड पर ED के हवाले पूर्व कांग्रेस कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल, बघेल बोले– एजेंसियों के पास सबूत नहीं
छत्तीसगढ़ के कथित 3,400 करोड़ रुपये के शराब घोटाला मामले में ED ने कांग्रेस के पूर्व कोषाध्यक्ष रामगोपाल अग्रवाल को गिरफ्तार किया है। कोर्ट ने उन्हें पांच दिनों की ED रिमांड पर भेजा है। सुनवाई के दौरान पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने अग्रवाल से मुलाकात कर जांच एजेंसियों की कार्रवाई पर सवाल उठाए।
सक्ती
बड़ा एक्शन : फार्मासिस्ट से रिश्वत मांगना पड़ा भारी, प्रभारी सिविल सर्जन गिरफ्तार
जिला अस्पताल के प्रभारी सिविल सर्जन संतोष कुमार पटेल को एसीबी ने पे-डेटा भेजने के बदले एक लाख रुपये की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया। फार्मासिस्ट की शिकायत के सत्यापन के बाद एसीबी ने डभरा में ट्रैप कार्रवाई कर आरोपी को दबोच लिया।
जगदलपुर (बस्तर)
बस्तर में ACB की कार्रवाई : 10 हजार की रिश्वत लेते महिला प्रधान आरक्षक रंगे हाथ गिरफ्तार
बस्तर के कोड़ेनार थाने में पदस्थ महिला प्रधान आरक्षक पिलेश्वरी साहू को ACB ने 10 हजार रुपये की रिश्वत लेते हुए गिरफ्तार किया। आरोप है कि वह जब्त ट्रैक्टर के दस्तावेज लौटाने और वाहन को सुपुर्दनामे पर छोड़ने के बदले पैसे मांग रही थीं। शिकायत के सत्यापन के बाद ACB ने ट्रैप कार्रवाई कर उन्हें रंगे हाथों पकड़ लिया।
जशपुर
कार्रवाई : RES विभाग का प्रभारी SDO 30 हजार की रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार
छत्तीसगढ़ के जशपुर जिले में ACB ने बड़ी कार्रवाई करते हुए RES विभाग के प्रभारी SDO संजय दिवाकर को 30 हजार रुपए की रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया। यह रिश्वत मनरेगा के तहत ग्राम पंचायत कपरोल में हुए निर्माण कार्य की जांच और भुगतान प्रक्रिया आगे बढ़ाने के बदले मांगी गई थी।
धमतरी
बड़ा ट्रैप : 1 लाख की रिश्वत लेते सिंचाई विभाग का कर्मचारी रंगे हाथ गिरफ्तार
धमतरी में ACB ने बड़ी कार्रवाई करते हुए सिंचाई विभाग के कर्मचारी लकेश्वर साहू को 1 लाख रुपये की रिश्वत लेते हुए रंगे हाथ गिरफ्तार किया। आरोपी पर आरोप है कि उसने सेवानिवृत्त कर्मचारियों के पेंशन प्रकरण निपटाने और भुगतान दिलाने के नाम पर रिश्वत की मांग की थी। शिकायत के आधार पर ACB ने उसके निजी निवास पर ट्रैप बिछाकर उसे पकड़ लिया। गिरफ्तारी के बाद आरोपी से पूछताछ जारी है और पूरे मामले में दस्तावेजों की जांच की जा रही है।
सक्ती
कार्रवाई : ACB ने जाल बिछाकर CEO समेत तीन को पकड़ा, 2 लाख की मांग का खुलासा
छत्तीसगढ़ के सक्ती जिले में एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने बड़ी कार्रवाई करते हुए जनपद पंचायत के मुख्य कार्यपालन अधिकारी (CEO) सहित तीन लोगों को रिश्वत लेते रंगे हाथ गिरफ्तार किया है। आरोप है कि प्रधानमंत्री आदर्श ग्राम योजना के तहत स्वीकृत 12 लाख रुपये का चेक जारी करने के बदले 2 लाख रुपये की मांग की गई थी।
रायपुर
CSMCL घोटाला : आर्थिक अपराध पर हाई कोर्ट की कड़ी टिप्पणी, अनवर ढेबर की बेल खारिज
छत्तीसगढ़ के चर्चित मैनपावर सप्लाई घोटाले मामले में हाई कोर्ट ने आरोपी अनवर ढेबर की जमानत याचिका खारिज कर दी। अदालत ने आर्थिक अपराधों को गंभीर बताते हुए कहा कि ऐसे मामले समाज और देश की अर्थव्यवस्था को नुकसान पहुंचाते हैं। जांच एजेंसियों के अनुसार छत्तीसगढ़ स्टेट मार्केटिंग कॉरपोरेशन लिमिटेड में ओवरटाइम भुगतान और मैनपावर एजेंसियों के बिल पास कराने के नाम पर बड़े पैमाने पर कमीशनखोरी हुई। ईडी और एसीबी की जांच में कई अधिकारियों और निजी लोगों की मिलीभगत सामने आई है। कोर्ट ने अनवर ढेबर को मामले का मुख्य साजिशकर्ता मानते हुए राहत देने से इनकार कर दिया।
बिलासपुर
1 लाख का जुर्माना : कलेक्ट्रेट में वसूली कर रहा था बाबू, ACB ने रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा
एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने रविवार को बिलासपुर और सक्ती जिले में भ्रष्टाचार के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की। बिलासपुर कलेक्ट्रेट में पदस्थ सहायक ग्रेड-3 विजय पांडेय को 15 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथों गिरफ्तार किया गया। आरोपी होटल संचालक को जुर्माने का डर दिखाकर पैसे मांग रहा था और पहले ही 5 हजार रुपये ले चुका था। वहीं, सक्ती जिले के चंद्रपुर थाना में पदस्थ ASI एस.एन. मिश्रा को भी 20 हजार रुपये रिश्वत लेते हुए ACB ने पकड़ा। शिकायतकर्ता से मारपीट मामले में राहत देने के बदले 40 हजार रुपये की मांग की गई थी। दोनों मामलों में ACB ने ट्रैप कार्रवाई कर आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
छत्तीसगढ़
छत्तीसगढ़ आबकारी विभाग में ‘हॉलिडे घोटाला’ का खुलासा: 67.60 करोड़ के फंड में अनियमितता का आरोप
छत्तीसगढ़ आबकारी विभाग में कथित “हॉलिडे घोटाले” का खुलासा जांच एजेंसियों (ACB और EOW) की जांच के दौरान हुआ है। आरोप है कि शनिवार-रविवार और त्योहारों के नाम पर ओवरटाइम और बोनस भुगतान में करीब 67.60 करोड़ रुपये की अनियमितता की गई। इसमें लगभग 3000 कर्मचारियों के नाम पर फर्जी या गलत भुगतान दिखाकर राशि का दुरुपयोग किए जाने का दावा है। रिपोर्ट के अनुसार करीब 50 करोड़ रुपये छुट्टी के दिन काम के नाम पर और 17.60 करोड़ रुपये बोनस के रूप में दर्ज किए गए थे, जिन्हें कथित रूप से वास्तविक कर्मचारियों तक पहुंचाने के बजाय कुछ अधिकारियों द्वारा हेरफेर कर बांट लिया गया। जांच अभी जारी है और इसमें शामिल लोगों की भूमिका की जांच की जा रही है।
छत्तीसगढ़
ओवरटाइम घोटाला : 115 करोड़ के कथित फर्जी भुगतान मामले में ACB-EOW की जांच तेज, दो गिरफ्तार
छत्तीसगढ़ में CSMCL से जुड़े कथित 115 करोड़ रुपये के ओवरटाइम भुगतान घोटाले की जांच ACB-EOW कर रही है। आरोप है कि 2019-20 से 2023-24 के बीच शराब दुकानों के कर्मचारियों के नाम पर फर्जी ओवरटाइम दिखाकर भुगतान स्वीकृत कराया गया, लेकिन असल में पैसा कर्मचारियों तक नहीं पहुंचा और निजी एजेंसियों व अन्य लोगों के बीच बांट दिया गया। ED की कार्रवाई के बाद मामले का खुलासा हुआ, जिसमें नकदी बरामदगी से जांच आगे बढ़ी। अब तक दो लोगों की गिरफ्तारी हुई है और डिजिटल व बैंकिंग रिकॉर्ड की जांच जारी है।