Atar Singh Bhadana: भरतपुर में खनन विवाद में पूर्व विधायक की पीट-पीटकर हत्या, क्षेत्र में भारी पुलिस बल तैनात
Atar Singh Bhadana: राजस्थान के भरतपुर जिले में बयाना के पूर्व विधायक और बीजेपी नेता अतर सिंह भड़ाना की खनन लीज विवाद में पीटकर हत्या कर दी गई। जयपुर के SMS अस्पताल में इलाज के दौरान उनकी मौत हो गई। घटना के बाद इलाके में तनाव है और पुलिस ने सुरक्षा बढ़ाकर जांच शुरू कर दी है।
Atar Singh Bhadana: राजस्थान के भरतपुर जिले से एक बेहद दर्दनाक और सनसनीखेज मामला सामने आया है। बयाना विधानसभा क्षेत्र के पूर्व विधायक और भारतीय जनता पार्टी (बीजेपी) के वरिष्ठ नेता अतर सिंह भड़ाना (68) की देर शाम
बेरहमी से हत्या कर दी गई। शुरुआती जानकारी के अनुसार, यह वारदात खनन लीज (क्रेशर प्लांट) को लेकर चल रहे आपसी विवाद के कारण हुई। घटना के बाद से ही पूरे इलाके में भारी तनाव है, जिसे देखते हुए भारी संख्या में पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है।
कैसे घटी यह खूनी वारदात?
मिली जानकारी के मुताबिक, घटना रविवार (11 अक्टूबर) की शाम करीब 6:30 से 7:00 बजे के बीच की है। पूर्व विधायक अतर सिंह भड़ाना भौंड़ा गांव स्थित अपने क्रेशर प्लांट पर मौजूद थे। इसी दौरान खनन लीज को लेकर कहासुनी के बाद दर्जनों की संख्या में ग्रामीण वहां जुटने लगे। देखते ही देखते विवाद इतना बढ़ गया कि उग्र भीड़ ने लाठी-डंडों और पत्थरों से पूर्व विधायक पर सीधा हमला बोल दिया। बताया जा रहा है कि लगभग 80 से 90 लोगों की भीड़ ने उन्हें और उनके साथियों को घेर लिया और तब तक पीटते रहे जब तक कि वे अधमरे नहीं हो गए। इस हमले में पूर्व विधायक के साथी गगन शर्मा भी गंभीर रूप से घायल हुए हैं। घटना के समय प्लांट पर करीब 20 से 25 कर्मचारी मौजूद थे, जो डर के मारे कुछ नहीं कर सके।
अस्पताल ले जाते समय तोड़ा दम, परिजनों ने लगाए गंभीर आरोप
वारदात के तुरंत बाद घायल अतर सिंह और गगन शर्मा को पास के वैर अस्पताल ले जाया गया। पूर्व विधायक की बिगड़ती हालत को देखते हुए डॉक्टरों ने उन्हें जयपुर के सवाई मानसिंह (SMS) अस्पताल रेफर कर दिया। हालांकि, इलाज के दौरान रात लगभग 11:30 बजे उन्होंने दम तोड़ दिया। पूर्व विधायक की पत्नी ने इस मामले में बेहद गंभीर आरोप लगाए हैं। उनका दावा है कि हमले के दौरान अतर सिंह को गोली भी मारी गई थी। इसके साथ ही उन्होंने स्थानीय पुलिस प्रशासन पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए कहा कि पुलिस को इस विवाद और संभावित हमले की जानकारी पहले से थी, लेकिन समय रहते कोई सख्त कदम नहीं उठाया गया।इलाके में सन्नाटा और पुलिस का कड़ा पहरा
पूर्व विधायक की हत्या की खबर फैलते ही भौंड़ा गांव और आसपास के इलाकों में
माहौल तनावपूर्ण हो गया। स्थिति की संवेदनशीलता को देखते हुए भरतपुर पुलिस ने मोर्चा संभाल लिया है। भौंड़ा गांव के साथ-साथ आसपास के कई अन्य गांवों में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है ताकि स्थिति नियंत्रण में रहे और कोई अप्रिय घटना न घटे। पुलिस फिलहाल मामले की जांच कर रही है और आरोपियों की धरपकड़ के लिए दबिश दी जा रही है।
चुनावी सफर और राजनीतिक पृष्ठभूमि
मूल रूप से हरियाणा के रहने वाले 68 वर्षीय अतर सिंह भड़ाना का राजनीतिक सफर काफी उतार-चढ़ाव भरा रहा:
1988 (पहला चुनाव): उन्होंने बीजेपी के टिकट पर पहली बार चुनाव मैदान में कदम रखा था, हालांकि इसमें उन्हें सफलता नहीं मिली थी।
2003 (पहली जीत): बीजेपी के ही टिकट पर बयाना विधानसभा सीट से चुनाव लड़कर उन्होंने शानदार जीत हासिल की और विधायक बने।
2008 (दल-बदल): साल 2008 में वे बीजेपी छोड़कर कांग्रेस में शामिल हुए और चुनाव लड़े, लेकिन उन्हें हार का सामना करना पड़ा।
हार के बाद वे कुछ समय तक हरियाणा स्थित अपने पैतृक आवास पर ही रहे और बाद में दोबारा बीजेपी में वापसी कर ली थी। वर्तमान में वे अपने व्यावसायिक कार्यों और क्षेत्र की राजनीति में सक्रिय थे।