Wednesday, 30 Sep 2026 भारत
ब्रेकिंग
Dhodharkasa High School: शिक्षकों की कमी को लेकर सड़क पर उतरे पालक-विद्यार्थी, NH-53 पर चक्का जाम के बाद प्रशासन ने दिया आश्वासन Elephant News: गणेश चतुर्थी पर जन्मा हाथी शावक बना आकर्षण का केंद्र, ग्रामीणों ने जंगल में मनाई छठ्ठी Ganja Smuggling: कुम्हारी पुलिस ने पकड़ा गांजा तस्करी का मामला, अटल आवास के मकान से बरामद हुआ 6.35 किलो गांजा Bilaspur Crime News: लड़की का नाम लेकर मामा-भांजे को घेरा, बेल्ट और पाइप से पीटकर वसूले 7 हजार रुपए Vidisha News: गुमशुदगी के बाद झाड़ियों में मिला बच्ची का शव, पुलिस ने शुरू की जांच crime news: पति-पत्नी विवाद बना खूनी घटना की वजह, सास की गई जान, पत्नी घायल Dhodharkasa High School: शिक्षकों की कमी को लेकर सड़क पर उतरे पालक-विद्यार्थी, NH-53 पर चक्का जाम के बाद प्रशासन ने दिया आश्वासन Elephant News: गणेश चतुर्थी पर जन्मा हाथी शावक बना आकर्षण का केंद्र, ग्रामीणों ने जंगल में मनाई छठ्ठी Ganja Smuggling: कुम्हारी पुलिस ने पकड़ा गांजा तस्करी का मामला, अटल आवास के मकान से बरामद हुआ 6.35 किलो गांजा Bilaspur Crime News: लड़की का नाम लेकर मामा-भांजे को घेरा, बेल्ट और पाइप से पीटकर वसूले 7 हजार रुपए Vidisha News: गुमशुदगी के बाद झाड़ियों में मिला बच्ची का शव, पुलिस ने शुरू की जांच crime news: पति-पत्नी विवाद बना खूनी घटना की वजह, सास की गई जान, पत्नी घायल
W 𝕏 f
होम › धर्म › Bajrang Baan Path: बजरंग बाण का पाठ क्यों किया जा…
Bajrang Baan Prayer ( Image Source - AI Generated )
Bajrang Baan Prayer ( Image Source - AI Generated )
धर्म

Bajrang Baan Path: बजरंग बाण का पाठ क्यों किया जाता है, जानिए इससे जुड़ी मान्यताएं और लाभ

Bajrang Baan Path: बजरंग बाण भगवान हनुमान को समर्पित एक शक्तिशाली स्तोत्र माना जाता है। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, श्रद्धा और विश्वास के साथ इसका पाठ करने से भय, तनाव और जीवन की बाधाओं को दूर करने में सहायता मिलती है।

क
प्रकाशित: 30 Sep 2026, 04:08 PM · 3 मिनट पढ़ने का समय
नई दिल्ली
AI द्वारा तैयार ~1 मिनट सारांश
Bajrang Baan Path: हिंदू धर्म में भगवान हनुमान को संकटमोचक कहा गया है। मान्यता है कि उनकी आराधना करने से भक्तों को साहस, आत्मविश्वास और कठिन परिस्थितियों से लड़ने की शक्ति मिलती है। इन्हीं शक्तिशाली स्तोत्रों में से एक है बजरंग बाण, जिसका पाठ कई लोग जीवन की परेशानियों, भय और बाधाओं से मुक्ति के लिए करते हैं। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, बजरंग बाण का पाठ श्रद्धा और विश्वास के साथ करने से भगवान हनुमान प्रसन्न होते हैं और भक्तों की मनोकामनाएं पूरी करते हैं। यह पाठ हनुमान जी के पराक्रम, भक्ति और रक्षा करने वाले स्वरूप का स्मरण कराता है।

बजरंग बाण पाठ का महत्व 

कहा जाता है कि जब व्यक्ति जीवन में लगातार परेशानियों, मानसिक तनाव या किसी प्रकार के भय का सामना कर रहा हो, तब बजरंग बाण का पाठ मन को शांति और सकारात्मक ऊर्जा प्रदान करता है। मंगलवार और शनिवार के दिन इसका पाठ करना विशेष शुभ माना जाता है। धार्मिक मान्यता के अनुसार, बजरंग बाण में भगवान हनुमान की शक्ति, वीरता और भगवान श्रीराम के प्रति उनकी अटूट भक्ति का वर्णन किया गया है। इसी कारण इसे संकट के समय प्रभावी स्तोत्र माना जाता है।

बजरंग बाण पाठ करने के लाभ

  • भय और नकारात्मकता से राहत: मान्यता है कि नियमित रूप से बजरंग बाण का पाठ करने से मन के डर, चिंता और नकारात्मक विचारों को दूर करने में सहायता मिलती है।
  • आत्मविश्वास और साहस में वृद्धि: जो लोग किसी कठिन परिस्थिति से गुजर रहे होते हैं, उनके लिए यह पाठ मानसिक मजबूती और आत्मविश्वास बढ़ाने वाला माना जाता है।
  • शत्रु बाधा से बचाव: धार्मिक विश्वास के अनुसार, बजरंग बाण का पाठ करने से शत्रुओं का भय कम होता है और विरोधी शक्तियां कमजोर पड़ती हैं।
  • ग्रहों के अशुभ प्रभाव को कम करने की मान्यता: कई लोग शनि की साढ़ेसाती, ढैय्या और राहु-केतु से जुड़ी परेशानियों में हनुमान जी की पूजा और बजरंग बाण का पाठ करते हैं।
  • मानसिक शांति और सकारात्मक ऊर्जा: इस पाठ के माध्यम से मन एकाग्र होता है और व्यक्ति को तनाव कम करने में सहायता मिलती है।

बजरंग बाण पाठ करते समय रखें इन बातों का ध्यान 
धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, बजरंग बाण का पाठ करते समय मन और स्थान की शुद्धता का ध्यान रखना चाहिए।
श्रद्धा, संयम और भगवान हनुमान के प्रति विश्वास के साथ किया गया पाठ अधिक फलदायी माना जाता है। कई भक्त मंगलवार और शनिवार को स्नान करके हनुमान जी की पूजा के बाद बजरंग बाण का पाठ करते हैं। इसके साथ ही हनुमान चालीसा और सुंदरकांड का पाठ भी किया जाता है।

बजरंग बाण पाठ 

॥ दोहा ॥ 
निश्चय प्रेम प्रतीति ते, बिनय करै सनमान। 
तेहि के कारज सकल शुभ, सिद्ध करै हनुमान॥
॥ चौपाई ॥
जय हनुमन्त सन्त हितकारी। 
सुनि लीजै प्रभु अरज हमारी॥ 
जन के काज विलम्ब न कीजै। 
आतुर दौरि महा सुख दीजै॥ 
जैसे कूदि सिन्धु वहि पारा। 
सुरसा बदन पैठि बिस्तारा॥ 
आगे जाय लंकिनी रोका। 
मारेहु लात गई सुर लोका॥ 
जाय विभीषण को सुख दीन्हा। 
सीता निरखि परम पद लीन्हा॥ 
बाग उजारि सिन्धु महं बोरा। 
अति आतुर यम कातर तोरा॥ 
अक्षय कुमार मारि संहारा। 
लूम लपेटि लंक को जारा॥ 
लाह समान लंक जरि गई। 
जय जय धुनि सुर पुर महं भई॥ 
अब विलम्ब केहि कारण स्वामी। 
कृपा करहुं उर अन्तर्यामी॥ 
जय जय लक्ष्मण प्राण के दाता। 
आतुर होइ दुःख करहुं निपाता॥

निष्कर्ष 

बजरंग बाण भगवान हनुमान की शक्ति और भक्ति का प्रतीक माना जाता है। धार्मिक विश्वास के अनुसार, नियमित पाठ करने से व्यक्ति को साहस, आत्मविश्वास और मानसिक शांति प्राप्त होती है। हालांकि, इसके लाभ आस्था और व्यक्तिगत विश्वास से जुड़े हैं। Disclaimer: यह जानकारी धार्मिक मान्यताओं और परंपराओं पर आधारित है। इसके प्रभावों को वैज्ञानिक प्रमाण के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए।
क्या यह खबर उपयोगी लगी?
शेयर करें अपने दोस्तों तक पहुंचाएं
WhatsApp Telegram
इस लेख में कोई त्रुटि दिखी? सुधार का अनुरोध करें
हमारे WhatsApp ग्रुप से जुड़ें — ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
कीर्तिमान
छत्तीसगढ़ ▾
सभी छत्तीसगढ़ ›
रायपुर संभाग ▾
दुर्ग संभाग ▾
बिलासपुर संभाग ▾
सरगुजा संभाग ▾
बस्तर संभाग ▾
देश ▾
विदेश
सरकारी सूचना ▾
राजनीति ▾
खेल ▾
मनोरंजन ▾
कारोबार ▾
कीर्तिमान विशेष ▾
तकनीक शिक्षा सेहत धर्म यात्रा राशिफल डार्क/लाइट मोड डॉ. नीरज गजेंद्र डॉ. नीरज गजेंद्र
वीडियो
अभी कोई वीडियो उपलब्ध नहीं है
अभी कोई रील उपलब्ध नहीं है
टिप्पणियाँ
शेयर करें
Clip & Share

अगली खबर के लिए ऊपर और पिछली खबर के लिए नीचे स्वाइप करें

सावधान: संवेदनशील सामग्री
इस अनुभाग में अपराध, हिंसा, दुर्घटना या अन्य संवेदनशील विषयों से संबंधित समाचार हो सकते हैं। क्या आप इसे देखना चाहते हैं?
ताज़ा खबरें सबसे पहले पाएं!
पुश नोटिफिकेशन चालू करें