HYDEF Project: रूस और चीन की बढ़ती हाइपरसोनिक हथियार क्षमताओं के बीच यूरोप भी अपनी वायु रक्षा प्रणाली को मजबूत करने की दिशा में तेजी से काम कर रहा है। इसी कड़ी में यूरोपीय रक्षा कंपनी MBDA के नेतृत्व वाला समूह 2029 के अंत तक हाइपरसोनिक मिसाइलों को रोकने वाले इंटरसेप्टर का पूर्ण प्रणाली प्रदर्शन करने की तैयारी में है। इसके लिए परियोजना के तहत बड़े स्तर पर तकनीकी विकास और परीक्षण किए जा रहे हैं।
HYDIS और HYDEF के बीच यूरोपीय फंडिंग की होड़
यूरोप में हाइपरसोनिक मिसाइल रक्षा प्रणाली विकसित करने के लिए फिलहाल दो प्रमुख परियोजनाएं काम कर रही हैं। इनमें MBDA के नेतृत्व वाला HYDIS और स्पेन की कंपनी Sistemas de Misiles के समन्वय में चल रहा HYDEF कार्यक्रम शामिल है। दोनों परियोजनाओं को शुरुआती विकास के लिए यूरोपीय संघ से आर्थिक सहायता मिल चुकी है। अब इनके दूसरे विकास चरण के लिए यूरोपीय रक्षा कोष (EDF) से 100 मिलियन यूरो की फंडिंग मिलने की संभावना है। हालांकि, यूरोपीय संघ ने अपने 2026 कार्य कार्यक्रम के तहत इनमें से केवल एक परियोजना को आगे वित्तीय सहायता देने की योजना बनाई है।
कई तरह के हाइपरसोनिक खतरों को रोकने पर फोकस
HYDIS परियोजना का मुख्य लक्ष्य ऐसी रक्षा प्रणाली तैयार करना है, जो अलग-अलग गति, दिशा और उड़ान व्यवहार वाले हाइपरसोनिक हथियारों से निपट सके। लियोनेल माज़ेनक के मुताबिक, मौजूदा तकनीक सभी प्रकार के हाइपरसोनिक खतरों को रोकने में सक्षम नहीं है। इसी कमी को ध्यान में रखते हुए HYDIS इंटरसेप्टर को विकसित किया जा रहा है। परियोजना में शुरुआती तकनीकी परीक्षणों के जरिए इसकी क्षमताओं को बेहतर बनाने पर काम चल रहा है। फिलहाल परियोजना का पहला चरण मई 2027 तक निर्धारित है।36 कंपनियां और 14 उपठेकेदार होंगे शामिल
परियोजना के दूसरे चरण में औद्योगिक और अनुसंधान भागीदारी का दायरा बढ़ाया जाएगा। अभी HYDIS के साथ 19 कंपनियां जुड़ी हुई हैं, लेकिन अगले चरण में इनकी संख्या बढ़ाकर 36 करने की योजना है। इसके अलावा 14 उपठेकेदार भी परियोजना का हिस्सा बनेंगे।
- Safran: इंटरसेप्टर के टर्मिनल गाइडेंस सेंसर उपलब्ध कराएगी।
- Thales: संचार और डेटा लिंक से जुड़ी तकनीक में योगदान देगी।
- Saab: रक्षा प्रणाली की तकनीकी क्षमताओं के विकास में भागीदारी करेगी।
- Leonardo: संचार और डेटा लिंक जैसी तकनीकी सुविधाओं पर काम करेगी।
2027 से शुरू होंगे बड़े स्तर के परीक्षण
परियोजना का दूसरा चरण 2027 के मध्य से 2029 के मध्य तक चलाने की योजना है। इस दौरान इंटरसेप्टर के पूर्ण पैमाने पर उड़ान परीक्षण किए जाएंगे। इस चरण के अंत तक HYDIS का लक्ष्य अलग-अलग तकनीकी क्षेत्रों में TRL स्तर 3 से 6 तक हासिल करना है। इसके बाद 2029 के अंत तक एक पूर्ण प्रणाली प्रदर्शन उड़ान कराने की तैयारी है। MBDA का कहना है कि यदि यूरोपीय आयोग HYDIS के बजाय HYDEF को फंडिंग देता है, तो भी कंसोर्टियम के पास आगे बढ़ने के लिए कुछ वैकल्पिक योजनाएं हैं। हालांकि, कंपनी को अपनी परियोजना के चयन की उम्मीद है।












