"प्रशासन की कार्रवाई" के लिए 20 परिणाम मिले
रायपुर
गैंगरेप केस : सिलयारी कांड में चौकी प्रभारी सस्पेंड, कांग्रेस ने उठाई न्यायिक जांच की मांग
रायपुर जिले के धरसीवा क्षेत्र की सिलयारी चौकी से जुड़े नाबालिग गैंगरेप मामले में पुलिस की शुरुआती जांच पर लापरवाही के आरोप लगे हैं। कांग्रेस ने पूरे चौकी स्टाफ पर सवाल उठाते हुए मामले की न्यायिक जांच हाईकोर्ट के जज से कराने की मांग की है। घटना को लेकर राजनीतिक माहौल भी गरमा गया है और विस्तृत विभागीय जांच जारी है।
रायगढ़
प्रशासन का हंटर : नियमों की धज्जियां उड़ाने वाला पेट्रोल पंप सील, इधर लगातार दूसरी बार बढ़े तेल के दाम, जनता बेहाल
छत्तीसगढ़ के Raigarh जिले में ईंधन संकट और प्रशासनिक कार्रवाई ने एक साथ हलचल मचा दी है। खरसिया स्थित वंदना पेट्रोल पंप पर सुरक्षा मानकों और उपभोक्ता सुविधाओं में गंभीर लापरवाही पाए जाने के बाद प्रशासन ने सोमवार रात संयुक्त कार्रवाई करते हुए पंप को तत्काल सील कर दिया। वहीं दूसरी ओर, पिछले चार दिनों में दूसरी बार पेट्रोल-डीजल के दाम बढ़ने से आम जनता की परेशानी और बढ़ गई है।
भीतरखाने
नेताओं का त्याग, उड़नखटोले का ईंधन, डीजी नियमों का मौसम और प्रोफेसर की रहस्यमयी बहाली
प्रदेश की राजनीति, प्रशासन और शिक्षा जगत इन दिनों दिलचस्प विरोधाभासों से भरा हुआ दिखाई दे रहा है। कहीं ईंधन बचत के नाम पर साइकिल यात्रा का प्रदर्शन है, तो कहीं हेलीकॉप्टर विकास की रफ्तार नाप रहा है। नियमों की किताब भी परिस्थितियों के हिसाब से मौसम बदलती नजर आती है। उधर एक कलेक्टर साहब जिले से भावनात्मक विदाई की तैयारी में हैं, तो विश्वविद्यालय में रहस्यमयी बहाली ने सेटिंग विज्ञान को नया शोध विषय बना दिया है। कुल मिलाकर व्यवस्था में त्याग कम और प्रदर्शन ज्यादा दिखाई दे रहा है।
रायगढ़
दर्दनाक हादसा : पचधारी डेम में डूबने से युवक की मौत, मां का रो-रोकर बुरा हाल
छत्तीसगढ़ के पचधारी डेम में रविवार को 25 वर्षीय अजय सिदार की नहाते समय डूबने से मौत हो गई। वह अपने दोस्तों के साथ घूमने गया था, तभी गहरे पानी में जाने से यह हादसा हुआ। दोस्तों ने बचाने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हो सके। सूचना मिलने पर पुलिस ने रेस्क्यू कर शव बाहर निकाला और पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया। घटना की जांच जारी है। हादसे के बाद मृतक की मां का अस्पताल में रो-रोकर बुरा हाल हो गया, जिससे माहौल बेहद भावुक हो गया।
अंबिकापुर (सरगुजा)
कमोदा रिसॉर्ट विवाद : तहसील कोर्ट के आदेश के बाद प्रशासन की सख्त कार्रवाई
अंबिकापुर में जिला प्रशासन ने कमोदा रिसॉर्ट पर बड़ी कार्रवाई करते हुए सरकारी जमीन पर किए गए अतिक्रमण को हटाना शुरू कर दिया। प्रशासन के अनुसार रिसॉर्ट का निर्माण करीब 45 डिसिमल सरकारी भूमि पर किया गया था। दो दिन पहले विरोध और हंगामे के कारण कार्रवाई टाल दी गई थी, लेकिन समय सीमा खत्म होने के बाद सोमवार सुबह भारी पुलिस बल और बुलडोजर के साथ टीम मौके पर पहुंची। तहसील न्यायालय के आदेश के बाद यह कार्रवाई की गई। वहीं रिसॉर्ट की जमीन से जुड़े शरणार्थी भूमि विवाद की भी जांच जारी है। पिछले एक महीने से अंबिकापुर में प्रशासन लगातार अतिक्रमण हटाने का अभियान चला रहा है।
छत्तीसगढ़
हाथियों का आतंक: युवक की मौत के बाद सड़क पर उतरे ग्रामीण, चक्का जाम कर मुआवजे व नौकरी की मांग
सूरजपुर जिले के अंबिकापुर–प्रतापपुर मार्ग पर जंगली हाथी के हमले में एक युवा किसान केशव भोय की मौत के बाद ग्रामीणों में भारी आक्रोश फैल गया। गुस्साए परिजनों और स्थानीय लोगों ने कल्याणपुर चौक पर शव रखकर सड़क जाम किया और वन विभाग पर लापरवाही का आरोप लगाया। ग्रामीणों ने मृतक के परिवार को सरकारी नौकरी, बच्चों की मुफ्त शिक्षा और मुआवजा राशि 6 लाख से बढ़ाकर 50 लाख रुपये करने की मांग की।
छत्तीसगढ़
वेदांता हादसा : सक्ती प्लांट की घटना में मरने वाले श्रमिकों की संख्या हुई 17, पीएमओ से आर्थिक मदद की घोषणा
छत्तीसगढ़ के सक्ती जिला के सिंघीतराई इलाके में स्थित Vedanta Limited से जुड़े पावर प्लांट में बॉयलर फटने से भीषण हादसा हुआ। इस दुर्घटना में अब तक 17 मजदूरों की मौत हो चुकी है और दर्जनों मजदूर गंभीर रूप से झुलस गए हैं। घायलों का इलाज रायपुर, रायगढ़ और अन्य अस्पतालों में चल रहा है।
रायपुर
पंडरी मोवा नशा मुक्ति केंद्र में मरीजों पर हिंसा का वीडियो वायरल
रायपुर के पंडरी मोवा स्थित साहस नशा मुक्ति केंद्र पर मरीजों के साथ मारपीट और प्रताड़ना के गंभीर आरोप लगे हैं। केंद्र संचालिका के बेटे अनिकेश शर्मा पर मरीजों के साथ हिंसा करने का आरोप है, जिसका कथित वीडियो भी सामने आया। उड़ीसा के उमरकोट निवासी अंकुर मांझी के माता-पिता ने अपने बेटे के साथ दुर्व्यवहार के चलते पंडरी थाने में FIR दर्ज कराई। पुलिस ने आरोपी के खिलाफ जांच शुरू कर दी है और प्रशासन ने केंद्र की गतिविधियों की समीक्षा का आदेश दिया है। परिवार और स्थानीय लोग मरीजों की सुरक्षा और पारदर्शिता सुनिश्चित करने की मांग कर रहे हैं।