"महिला एवं बाल विकास" के लिए 121 परिणाम मिले
जनभागीदारी : जोर स्वयंसेवी संस्थाओं और युवाओं की सक्रिय भागीदारी निर्देश
18 से 25 मई 2026 तक “जन भागीदारी–सबसे दूर, सबसे पहले” अभियान के तहत जनजातीय एवं विशेष पिछड़ी जनजातीय क्षेत्रों में शासन की जनकल्याणकारी योजनाओं को अंतिम व्यक्ति तक पहुँचाने के लिए व्यापक गतिविधियाँ संचालित की जाएंगी। जिले के 75 जनमन और 308 धरती आबा ग्रामों में स्वास्थ्य, शिक्षा, पोषण, पेयजल और सामाजिक सुरक्षा से जुड़ी योजनाओं के संतृप्तिकरण के लिए शिविर लगाए जाएंगे।
बाल विवाह पर रोक : बेटियों के सम्मान का अभियान बना जनआंदोलन, बाल विवाह मुक्त हो रहा छत्तीसगढ़
छत्तीसगढ़ में “बाल विवाह मुक्त छत्तीसगढ़” अभियान सामाजिक बदलाव की मजबूत मिसाल बनता जा रहा है। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय के नेतृत्व में शुरू इस अभियान के तहत गांव-गांव जागरूकता अभियान चलाकर बाल विवाह जैसी कुरीति पर रोक लगाने के प्रयास किए जा रहे हैं। अब तक राज्य की 64 प्रतिशत ग्राम पंचायतों को बाल विवाह मुक्त घोषित किया जा चुका है।
सरकार का साथ : आंगनबाड़ी के सहयोग से सुरक्षित मातृत्व की मिसाल बनी बीजापुर की निशा
बीजापुर जिले में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा संचालित प्रधानमंत्री मातृ वंदना योजना (PMMVY) गर्भवती महिलाओं के लिए बड़ी राहत साबित हो रही है। चांदनी चौक आंगनबाड़ी केंद्र की हितग्राही निशा पटेल को गर्भावस्था के दौरान समय पर पंजीयन, पोषण संबंधी मार्गदर्शन, नियमित स्वास्थ्य जांच और 5 हजार रुपये की आर्थिक सहायता मिली। आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं के सहयोग और संतुलित आहार के कारण निशा ने 11 अक्टूबर 2025 को 3.200 किलोग्राम वजन वाले स्वस्थ शिशु को जन्म दिया।
महासमुंद
सुशासन तिहार : मुढ़ीपार शिविर में मंत्री दयाल दास बघेल ने अधिकारियों को दिए त्वरित समाधान के निर्देश
प्रदेशव्यापी सुशासन तिहार के तहत पिथौरा विकासखंड के ग्राम पंचायत मुढ़ीपार में समाधान शिविर आयोजित किया गया, जिसमें खाद्य मंत्री दयाल दास बघेल, सांसद रूपकुमारी चौधरी और विधायक संपत अग्रवाल शामिल हुए। शिविर में 18 ग्रामों से पहुंचे ग्रामीणों ने विभिन्न विभागों में 1600 से अधिक आवेदन प्रस्तुत किए, जिनका मौके पर निराकरण किया गया। इस दौरान किसानों के लिए खाद उपलब्धता, आंगनबाड़ी व्यवस्थाओं की निगरानी और जनसमस्याओं के त्वरित समाधान पर जोर दिया गया।
मुख्य सचिव की बैठक : योजनाओं की समीक्षा पारदर्शिता के निर्देशदिए दिए
छत्तीसगढ़ के मुख्य सचिव विकासशील ने मंत्रालय स्थित महानदी भवन में विभिन्न विभागों की योजनाओं की समीक्षा करते हुए अधिकारियों को विकास कार्यों में तेजी लाने के निर्देश दिए। उन्होंने योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पारदर्शिता के साथ पहुंचाने के लिए डेटा आधारित मॉनिटरिंग सिस्टम मजबूत करने पर जोर दिया।
जनसमस्या शिविर : ग्रामीणों की समस्याओं का हुआ त्वरित समाधान एवं हितग्राहियों को मिला लाभ
पिथौरा विकासखंड के ग्राम सलडीह में प्रदेशव्यापी सुशासन तिहार के अंतर्गत जनसमस्या निवारण शिविर का आयोजन किया गया। शिविर में जनप्रतिनिधियों और अधिकारियों की उपस्थिति में ग्रामीणों की समस्याओं का समाधान किया गया तथा विभिन्न विभागों द्वारा हितग्राहियों को शासन की योजनाओं का लाभ प्रदान किया गया।
महासमुंद
पीएम श्री स्कूलों में बदलाव की नई पहल, करियर काउंसलिंग और गुणवत्तापूर्ण शिक्षा पर जोर
कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित पीएम श्री स्कूलों की समीक्षा बैठक में सेंट्रल नोडल अधिकारी अलरमेलमंगई डी ने करियर काउंसलिंग, मेंटल हेल्थ, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा और ड्रॉप आउट रोकने पर विशेष जोर दिया। अधिकारियों को निर्देश दिए गए कि कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे तथा स्कूलों को आधुनिक सुविधाओं से युक्त “सेंटर ऑफ एक्सीलेंस” के रूप में विकसित किया जाए। जिले में संचालित 12 पीएम श्री स्कूलों में वर्तमान में 4,411 विद्यार्थी अध्ययनरत हैं।
आयोजन : तूता में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत 31 जोड़े परिणय सूत्र में बंधे
महिला एवं बाल विकास विभाग के तत्वावधान में तूता स्थित कुर्मी बैस क्षत्रीय भवन में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत भव्य सामूहिक विवाह समारोह आयोजित किया गया। समारोह में कुल 31 जोड़ों का विवाह वैदिक रीति-रिवाजों एवं आठ कुण्डीय हवन के साथ संपन्न कराया गया, जिसमें एक दिव्यांग जोड़े का विवाह भी शामिल रहा। मुख्य अतिथि इंद्र कुमार साहू ने सामूहिक विवाह को सामाजिक समरसता और फिजूलखर्ची रोकने का प्रभावी माध्यम बताते हुए नवविवाहित जोड़ों को आशीर्वाद दिया तथा शासन की ओर से सहायता राशि और उपहार वितरित किए।
रायपुर
मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत आरंग में 16 जोड़ों का सामूहिक विवाह संपन्न
आरंग के टाउन हॉल में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा 16 जोड़ों का सामूहिक विवाह संपन्न हुआ। वैदिक मंत्रोच्चार और पारंपरिक रीति-रिवाजों के बीच सभी जोड़ों ने सात फेरे लिए। कार्यक्रम में मंत्री गुरु खुशवंत साहेब सहित कई जनप्रतिनिधि शामिल हुए।
सामूहिक विवाह : जशपुर में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत 65 जोड़ों का सामूहिक विवाह संपन्न
मुख्यमंत्री श्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत जशपुर जिले में सामूहिक विवाह कार्यक्रम आयोजित किया गया, जिसमें कुल 65 जोड़ों का विवाह संपन्न हुआ। बगीचा, कांसाबेल और बागबहार परियोजना क्षेत्रों में हिंदू और ईसाई समुदाय के जोड़ों ने पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ विवाह किया। बगीचा में एक दिव्यांग (मूकबधिर) जोड़े का विवाह विशेष आकर्षण रहा।
मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना : वैदिक रीति-रिवाजों के साथ 62 जोड़ों का विवाह संपन्न
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के मार्गदर्शन एवं महिला एवं बाल विकास मंत्री लक्ष्मी राजवाड़े के निर्देशानुसार रायपुर जिले में मुख्यमंत्री कन्या विवाह योजना के तहत तीन अलग-अलग स्थलों पर सामूहिक विवाह कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रम में कुल 62 जोड़े वैदिक मंत्रोच्चार एवं पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ वैवाहिक बंधन में बंधे। आरंग में 16, तिल्दा-नेवरा में 31 तथा धरसीवां में 15 जोड़ों का विवाह संपन्न हुआ।
छत्तीसगढ़
जहां लगती थी जन-अदालत, वहां पहुंचा सुशासन : पुजारी कांकेर में पहली बार लगा जनसमस्या निवारण महाशिविर
माओवाद प्रभावित पुजारी कांकेर में मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के “सुशासन तिहार-2026” के तहत पहली बार विशाल जनसमस्या निवारण महाशिविर आयोजित हुआ। जहां कभी जनताना सरकार की जन-अदालत लगती थी, वहीं अब प्रशासन ने सीधे गांव पहुंचकर लोगों की समस्याएं सुनीं और समाधान किया। शिविर में 17 से अधिक पंचायतों के ग्रामीण शामिल हुए।