"बिजली विभाग" के लिए 54 परिणाम मिले
महासमुंद
बिजली व्यवस्था पर सवाल : बारिश से पहले पिथौरा में लगातार कटौती से लोग परेशान
नगर में बिजली व्यवस्था को लेकर लोगों की नाराजगी लगातार बढ़ती जा रही है। भीषण गर्मी और उमस के बीच शहर के कई इलाकों में बार-बार बिजली गुल होने से आम नागरिक परेशान हैं। लोगों का आरोप है कि बिजली विभाग की लापरवाही और कमजोर व्यवस्था के कारण उन्हें आए दिन परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
जशपुर
हादसा : मकान की मरम्मत के दौरान हाईटेंशन लाइन की चपेट में आने से युवक की मौत
छत्तीसगढ़ में मानसून की दस्तक के बाद बिजली से जुड़े हादसों की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। बारिश के मौसम में गीले वातावरण और खुले बिजली तारों के कारण जरा-सी लापरवाही भी जानलेवा साबित हो रही है। प्रदेश के अलग-अलग जिलों से करंट लगने की घटनाएं सामने आ रही हैं।
राष्ट्रीय
मुहर्रम जुलूस में हादसा : हाईटेंशन लाइन की चपेट में आया 20 फीट ऊंचा ताजिया, 3 की मौत
मध्य प्रदेश के रतलाम जिले के हतनारा गांव में मुहर्रम जुलूस के दौरान 20 फीट ऊंचा ताजिया हाईटेंशन बिजली लाइन से टकरा गया। हादसे में तीन लोगों की मौके पर मौत हो गई और कई लोग गंभीर रूप से झुलस गए। पुलिस ने मामला दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
रायपुर
बिजली बिल विवाद : रायपुर में सहायक यंत्री को धमकी, उपभोक्ता पर केस दर्ज
रायपुर में अधिक बिजली बिल को लेकर हुए विवाद के बाद एक उपभोक्ता के खिलाफ पुलिस ने मामला दर्ज किया है। आरोप है कि उसने बिजली विभाग के सहायक यंत्री और कर्मचारियों से गाली-गलौज की, शासकीय कार्य में बाधा पहुंचाई और मारपीट की धमकी दी। शिकायत के आधार पर सिविल लाइन थाना पुलिस मामले की जांच कर रही है।
रायपुर
खेतों में सन्नाटा : लखौली क्षेत्र के 25 से ज्यादा गांवों में थमी खरीफ की रफ्तार
लखौली अंचल और आसपास के दो दर्जन से अधिक गांवों में पर्याप्त बारिश न होने से खरीफ खेती प्रभावित हो गई है। किसान खेत तैयार करने के बाद भी धान की बुआई और रोपाई शुरू नहीं कर पा रहे हैं। कुछ किसान सीमित पानी के सहारे नर्सरी तैयार करने का जोखिम उठा रहे हैं, लेकिन बारिश की कमी से फसल चक्र बिगड़ने की आशंका बढ़ गई है।
महासमुंद
खुलासा : बिजली चोरी कर वारदात को दिया अंजाम, हरे-भरे पेड़ों पर चली कटर मशीन
महासमुंद जिले के ग्राम भलेसर में अज्ञात बदमाशों ने मुख्य बिजली लाइन से अवैध कनेक्शन (कटिया) जोड़कर बिजली चोरी की और कटर मशीन से किसान की निजी जमीन पर लगे कीमती पेड़ों को काटकर लकड़ी लेकर फरार हो गए।
सूरजपुर
जंगल में पसरा मातम : प्रतापपुर में तीन भालुओं की रहस्यमयी मौत, ग्राउंड पर पहुंची डॉक्टरों की स्पेशल टीम
आगे की राह मौत के असली कारणों की आधिकारिक पुष्टि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद होगी। यदि करंट से मौत की पुष्टि होती है, तो बिजली विभाग की सुरक्षा व्यवस्था पर कार्रवाई हो सकती है। भविष्य में ऐसे हादसों को रोकने के लिए वन विभाग इलाके की मॉनिटरिंग कर रहा है।
रायपुर
स्मार्ट मीटर : राज्य की नहीं, बल्कि केंद्र सरकार की है देशव्यापी योजना
राष्ट्रीय पहल, न कि राज्य की योजना छत्तीसगढ़ सहित देश भर में लगाए जा रहे स्मार्ट मीटर किसी राज्य सरकार की निजी योजना नहीं है, बल्कि केंद्र सरकार की पुनर्गठित वितरण क्षेत्र योजना (RDSS) के तहत एक राष्ट्रीय अभियान है।
दुर्ग
साइबर फ्रॉड : गैस एजेंसी का फर्जी नंबर डालकर बुजुर्ग को लगाया 1.95 लाख का चूना
दुर्ग जिले के भिलाई में साइबर ठगों ने गैस एजेंसी के फर्जी कस्टमर केयर नंबर के जरिए 65 वर्षीय बुजुर्ग से 1.95 लाख रुपए की ऑनलाइन ठगी कर ली। सिलेंडर न मिलने पर पीड़ित ने इंटरनेट से नंबर सर्च किया, जिसके बाद ठगों ने खुद को गैस एजेंसी कर्मचारी बताकर पहले 10 रुपए का ट्रांजेक्शन करवाया और फिर बैंक खातों से बड़ी रकम निकाल ली।
रायपुर
हादसा : राजधानी में बिजली ट्रांसफॉर्मर में भीषण आग, धुएं का गुबार देख सहमे लोग
राजधानी के कोटा क्षेत्र में शुक्रवार को एक विद्युत ट्रांसफॉर्मर में अचानक आग लग गई, जिससे इलाके में अफरा-तफरी मच गई। ट्रांसफॉर्मर से तेज लपटें और घना धुआं उठने लगा, जिसे दूर से भी देखा गया। सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड मौके पर पहुंची और आग पर काबू पाने की कोशिश शुरू की। सुरक्षा के मद्देनजर पूरे क्षेत्र की बिजली आपूर्ति बंद कर दी गई।प्रारंभिक जांच में आग का कारण स्पष्ट नहीं हो सका है, लेकिन शॉर्ट सर्किट की आशंका जताई जा रही है।
दशकों का अंधेरा खत्म : घने जंगलों के बीच चमका गारपा, 48 घरों तक पहुँची बिजली
छत्तीसगढ़ सरकार की “नियद नेल्लानार योजना” के तहत नारायणपुर जिले के सुदूर और दुर्गम ग्राम गारपा में पहली बार बिजली पहुँची है। करीब 55 लाख रुपये की लागत से 48 घरों को बिजली कनेक्शन दिया गया। नक्सल प्रभावित क्षेत्र में वर्षों बाद विकास की यह बड़ी पहल ग्रामीणों के जीवन में नया उजाला लेकर आई है। अब बच्चों की पढ़ाई, स्वास्थ्य सेवाएं और ग्रामीणों के आर्थिक अवसर बेहतर होने की उम्मीद बढ़ गई है।
छत्तीसगढ़
आकाशीय बिजली और अंधेरे के बीच बागबाहरा अस्पताल में गूंजी छह नवजातों की किलकारी
भारी बारिश और बिजली संकट के बीच बागबाहरा सामुदायिक अस्पताल में छह सफल सिजेरियन ऑपरेशन किए गए। डॉक्टरों और बिजली विभाग की तत्परता से एक बालक और पांच बालिकाओं का सुरक्षित जन्म हुआ।