Bilaspur Crime News: छत्तीसगढ़ के बिलासपुर जिले से पारिवारिक रिश्ते को तार-तार कर देने वाली एक गंभीर घटना सामने आई है। शहर के सिविल लाइन थाना क्षेत्र अंतर्गत गंगा नगर में एक बहू पर अपनी ही 57 वर्षीया सास को कोल्ड ड्रिंक में कीटनाशक (जहर) मिलाकर पिलाने का संगीन आरोप लगा है। जहर के असर से महिला की हालत बेहद नाजुक हो गई, जिसके बाद उन्हें हफ्ते भर वेंटिलेटर पर जिंदगी और मौत से जूझना पड़ा। पुलिस ने मामले में केस दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी है।
उपवास के दिन दी कोल्ड ड्रिंक, पीते ही बिगड़ी तबीयत
गंगा नगर निवासी पीड़िता रूखमणी सिंह (57) के अनुसार, यह घटना 17 जुलाई की है। उस दिन उनका उपवास था। सुबह करीब 11 बजे जब वह काम निपटाकर घर लौटीं, तो उनकी बहू कविता ने उन्हें पीने के लिए कोल्ड ड्रिंक दी। रूखमणी ने कोल्ड ड्रिंक पी ली और इसके बाद चाय भी ली। चाय पीने के कुछ ही देर बाद उन्हें तेज चक्कर आने लगे और उल्टी होने लगी, जिसके बाद वह अचेत होकर गिर पड़ीं। आनन-फानन में परिजन उन्हें मंगला चौक स्थित एक निजी अस्पताल ले गए। हालत बिगड़ती देख डॉक्टरों ने उन्हें तुरंत सिम्स (CIMS) अस्पताल रेफर कर दिया।
एक हफ्ते तक वेंटिलेटर पर रहीं रूखमणी
सिम्स में भर्ती कराए जाने के बाद रूखमणी की हालत लगातार गिरती चली गई। डॉक्टरों को उन्हें आईसीयू में वेंटिलेटर सपोर्ट पर रखना पड़ा। लगभग सात दिनों तक वेंटिलेटर पर रहने और लंबे इलाज के बाद उनकी स्थिति में धीरे-धीरे सुधार आया। गंभीर स्वास्थ्य स्थिति के कारण वह तत्काल बयान देने की स्थिति में नहीं थीं। 2 अगस्त को सेहत में थोड़ा सुधार होने पर पुलिस ने सिम्स पहुंचकर उनका बयान दर्ज किया। इसके बाद 3 अक्टूबर को पीड़िता ने थाने में औपचारिक लिखित शिकायत दी, जिसके आधार पर सिविल लाइन पुलिस ने आरोपी बहू कविता के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 118(1) के तहत मामला पंजीकृत किया।
गहने और 3.50 लाख कैश समेटकर मायके हुई रफूचक्कर
पीड़िता ने अपनी शिकायत में बहू पर घर खंगालने का भी आरोप लगाया है। रूखमणी के मुताबिक, जब वह अस्पताल में भर्ती थीं, उसी दौरान कविता अस्पताल से चुपचाप निकलकर घर पहुंची। वहां उसने अपने मायके वालों को बुलाया और अलमारी में रखे सोने-चांदी के जेवरात व करीब 3.50 लाख रुपये नकद समेटकर मुंगेली जिले के ग्राम टिंगीपुर चमारी भाग गई। पीड़िता का कहना है कि इलाज के दौरान बहू या उसके परिवार के किसी सदस्य ने उनका हाल-चाल जानने तक की कोशिश नहीं की।प्रेम संबंध और मोबाइल छीनने से उपजी रंजिश!
जहर देने की वजह के पीछे पारिवारिक विवाद सामने आ रहा है। रूखमणी का आरोप है कि उन्हें बहू के किसी बाहरी युवक से प्रेम संबंध होने की भनक लग गई थी। एक बार उन्होंने कविता को फोन पर बात करते हुए रंगे हाथों पकड़ भी लिया था और इसकी जानकारी अपने पति राजकुमार को दी थी। इसके बाद 10 जुलाई को पति राजकुमार ने कविता का मोबाइल जब्त कर अपने पास रख लिया था, जिससे घर में काफी कहासुनी हुई थी। पीड़िता का शक है कि इसी बात की रंजिश पालकर बहू ने उन्हें जान से मारने की नीयत से कोल्ड ड्रिंक में कीटनाशक मिलाया था।
पुलिस कार्रवाई से असंतुष्ट परिजनों ने उठाए सवाल
मामले में पीड़ित पक्ष ने पुलिस की सुस्त कार्यप्रणाली पर असंतोष जताया है। उनका कहना है कि घटना 17 जुलाई की है, लेकिन बयान 2 अगस्त को दर्ज हुए और एफआईआर दर्ज करने में 3 अक्टूबर तक का समय लग गया। परिजनों का आरोप है कि जानलेवा हमले जैसी गंभीर वारदात के बावजूद पुलिस ने केवल धारा 118(1) के तहत साधारण मामला दर्ज किया है। निष्पक्ष जांच और कड़ी कार्रवाई की मांग को लेकर पीड़ित पक्ष ने अब वरिष्ठ पुलिस अधिकारियों का दरवाजा खटखटाने का फैसला किया है। फिलहाल, सिविल लाइन थाना पुलिस मामले के सभी पहलुओं की पड़ताल कर रही है।

